असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती विज्ञापन 51 मामले मे सुप्रीम कोर्ट से अभ्यर्थियों को राहत

सोनभद्र (विकास द्विवेदी) शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा आयोजित असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती विज्ञापन संख्या-51 मामले में अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिली है। माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने इलाहाबाद हाईकोर्ट की डिविजन बेंच द्वारा परिणाम जारी करने पर लगाई गई रोक के आदेश पर स्थगन आदेश जारी कर दिया है।
यह आदेश अभ्यर्थियों की ओर से दायर विशेष याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया गया। याचियों की तरफ से वरिष्ठ अधिवक्ता डॉ. मनीष सिंघवी एवं अधिवक्ता कौसर रजा फरीदी ने पक्ष रखते हुए जोरदार बहस की। सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने अभ्यर्थियों को राहत प्रदान करते हुए हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगा दी।
गौरतलब है कि पेपर लीक प्रकरण सामने आने के बाद राज्य सरकार और शिक्षा सेवा चयन आयोग ने परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के उद्देश्य से पूर्व में आयोजित परीक्षा को निरस्त कर पुनर्परीक्षा आयोजित कराई थी। अभ्यर्थियों का कहना था कि सरकार और आयोग द्वारा पारदर्शिता एवं निष्पक्षता के तहत लिया गया यह निर्णय उचित था और पुनर्परीक्षा के आधार पर परिणाम घोषित किया जाना चाहिए।
सोनभद्र में शिक्षक के रूप में तैनात धीरज चंदानी की ओर से दायर याचिका में भी यही प्रमुख मांग उठाई गई थी कि पुनर्परीक्षा के आधार पर भर्ती प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाए।
मामले में सुप्रीम कोर्ट ने अगली सुनवाई की तिथि 21 जुलाई 2026 निर्धारित की है। इस फैसले के बाद भर्ती प्रक्रिया से जुड़े अभ्यर्थियों में खुशी की लहर है और उन्हें जल्द परिणाम जारी होने की उम्मीद जगी है।


