जलसमाधि वाले स्थानों को लेकर प्रशासनिक अमला अलर्ट

एक्का-दुक्का बचे विस्थापितों को हटाने का कार्य युध्द स्तर पर

दुद्धी, सोनभद्र। छत्तीसगढ़ में हो रही लगातार बारिश की वजह से कनहर एवं पांगन नदी का जलस्तर 253 के आंकड़े को छूने लगी है। इससे न सिर्फ सिंचाई महकमे में बल्कि प्रशासनिक खेमे मे भी हड़कंप मचा हुआ है। दोनों महकमे से जुड़े कर्मियों की कई टीम डूब क्षेत्र के इलाके में 255 मीटर के आंकड़े के जद में आने वाले विस्थापितों को भी खाली कराने के लिए लगे हुए है।
किसी भी पल गेट तक पानी पहुंचने की संभावना लिए सिंचाई महकमे के आधा दर्जन से अधिक अभियन्ताओं की फ़ौज पूरी रात मुख्य बांध के गेट पर टकटकी लगाये हुए थे। भोर में करीब तीन बजे जैसे ही कनहर डैम के पानी का जलस्तर समुद्र तल से 250 मीटर आंकड़े को छूने लगी,सिंचाई महकमे में खलबली मच गई। यहां तैनात अवर अभियंताओं की टोली अपने अधिकारियों को फोन घनघनाने लगे। कुछ ही मिनट बाद यह आंकड़ा 251 के लेवल को पार करते हुए स्पिलवे की गेट की ओर लहराते हिचकोले खाते हुए बढ़ चली। जब गेट से जलप्रपात होने लगा,तो एक तरफ सिंचाई महकमा एक दुसरे को बधाई देने के साथ डूब क्षेत्र में आबाद आबादी की भी चिंता सताने लगी। पौ फटने के बाद मौके पर अधीक्षण अभियंता दीपक कुमार व अधिशासी अभियंता विनोद कुमार दर्जनों सहायक अभियंताओं के साथ अमवार में डेरा डाल दिया। डूब क्षेत्र के विस्थापितों के बारे में जानकारी एकत्र करने लगे। मातहतों ने जानकारी दी कि खतरनाक स्थल में रह रहे एक विस्थापित परिवार को रात करीब दस बजे हटाया गया। अधिशासी अभियंता विनोद कुमार ने बताया कि आपात स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक इंतजाम किये गये है।



