हर युवा के हो रोजगार की गारंटी

संयुक्त युवा मोर्चा की लखनऊ में मीटिंग 19 अगस्त को
सोनभद्र से युवा प्रतिनिधि मीटिंग में होंगे शामिल
म्योरपुर, सोनभद्र। हर युवा के रोजगार के अधिकार की गारंटी के लिए केंद्रीय कानून बनाने और निवास स्थल से 25 किलोमीटर के दायरे के अंदर न्यूनतम मजदूरी पर साल भर काम देने की मांग जोर पकड़ रही है। इस संबंध में संयुक्त युवा मोर्चा द्वारा चलाए जा रहे रोजगार अधिकार अभियान के तहत म्योरपुर के रासपहरी में नौजवानों ने बैठक की और 19 अगस्त को लखनऊ में आयोजित मोर्चा की बैठक में शामिल होने का निर्णय लिया। बैठक में संयुक्त युवा मोर्चा की सविता गोंड ने कहा कि रोजगार का संकट राष्ट्रव्यापी है लेकिन सोनभद्र जैसा जिला इससे बुरी तरह प्रभावित है। यहां से सिर्फ लड़के ही नहीं आदिवासी दलित मूल की लड़कियां भी बड़े पैमाने पर पलायन करने के लिए मजबूर हो रही है। सोनभद्र से पूंजी का भी पलायन हो रहा है यदि यह पूंजी यहां लगाई जाती और नौजवानों को बिना ब्याज के उद्योग लगाने के लिए लोन दिया जाता और कृषि आधारित उद्योगों का विकास किया जाता तो पलायन पर रोक लग सकती थी।
युवा मंच की जिला अध्यक्ष रूबी सिंह गोंड ने कहा कि आदिवासी लड़कियों के लिए डिग्री कॉलेज म्योरपुर में बनाने के सवाल को बार-बार उठाया जा रहा है। लेकिन जनप्रतिनिधियों और सरकार को इसकी परवाह नहीं है। हालत यह है की लड़कियां पढ़ाई से वंचित हो जा रही है। यही नहीं सरकार की साइकिल योजना का लाभ भी हर आदिवासी लड़की को नहीं मिल रहा है इसे लेकर अभियान चलाया जाएगा।
युवा मंच के तहसील संयोजक हरिनाथ खरवार ने कहा कि प्रदेश में रोजगार देने की रोज बातें हो रही हैं विधानसभा के सत्र में मुख्यमंत्री जी कह रहे हैं कि हमने जो ग्लोबल सबमिट किया है उससे एक करोड़ रोजगार का सृजन होगा। जबकि सच्चाई यह है कि प्रदेश में कोई पूंजी निवेश नहीं हो रहा है। सोनभद्र जनपद में किए गए इन्वेस्टर्स एएमयू आज तक जमीनी स्तर पर उतरे नहीं है। हालत इतनी बुरी है कि प्रदेश में 6 लाख पद रिक्त पड़े हैं लेकिन सरकार इन्हें भरने के लिए तैयार नहीं है। उत्तर प्रदेश में रोजगार अधिकार अभियान संचालित करने के लिए 19 अगस्त की लखनऊ में आयोजित बैठक में रणनीति तैयार की जाएगी। बैठक में युवा मंच की गुंजा गोंड, सुगवंती गोंड, राजकुमारी गोंड, मैक्सो विलियम, आलोक गोंड, गंगाधर दुबे आदि ने अपनी बात रखी।



