कई वर्षों से अपनी दुर्दशा पर आंसू बहा रहा है ओबरा डाला संपर्क मार्ग
जर्जर सड़क पर आवागमन में भारी परेशानी

डाला /सोनभद्र(जगदीश तिवारी/राकेश अग्रहरी)विगत कई वर्षों से खराब डाला- ओबरा संपर्क मार्ग अपनी दुर्दशा पर आंसू बहा रहा है चौबीस घंटे छोटे बड़े वाहनों का आवागमन होने वाले उक्त मार्ग पर लोगों का चलना दुश्वार हो गया है। बार-बार शिकायतों के बाद भी जनप्रतिनिधि से लेकर जिम्मेदार अधिकारियों पर इसका कोई असर नहीं पड़ रहा है।
वाराणसी शक्तिनगर मुख्यमार्ग से डाला ओबरा संपर्क मार्ग लगभग पांच किमी तक सड़क की हालत इस स्थिति में है कि राहगीरों का पैदल चलना दुश्वार हो गया है सड़क के बीचोंबीच व किनारे हुए गड्ढों में बारीस का पानी भर जाता है जिसके कारण पैदल व बाइक सवारों पर सड़क में जमा हुआ गंदा पानी उनके उपर पड़ जाता है जिससे पूरा कपड़ा भी खराब हो जाता है।24 घंटे व्यस्त रहने वाले इस सड़क पर न सरकार की नजर है, न ही स्थानीय प्रशासन की और न ही जनप्रतिनिधियों की जबकि उक्त मार्ग की समस्या की जानकारी हर किसी को है।इस सड़क से स्कूली छात्र -छात्राओं के साथ रोजमर्रा के काम करने वालों पैदल यात्रियों समेत दुपहिया वाहन सवारों को कितनी कठिनाईयों का सामना करना पड़ता है इसका आभास सिर्फ उनको है जो प्रतिदिन आना-जाना कर रहे हैं। आलम यह है कि सड़क पर चार पहिया वाहन आते ही राहगीर एवं स्कूलों के छात्र छात्राओं का ड्रेस गंदा न हो जाए इसके लिए सड़क किनारे सुरक्षित स्थान देखकर दुबक कर खड़ा होना पड़ता है।तमाम शिकायतों के बाद बीते तीन चार माह पूर्व जिस ठेकेदार को सड़क बनाने का टेंडर मिला उनके द्वारा सड़क मरम्मत का काम खन खोदकर शुरू हुआ तो लोगों को लगा की अब आवागमन की कठिनाईयों से निजात मिल जाएगी लेकिन पता नहीं किन कारणों से धीमी गति से शुरू हुआ काम बीच में ठप हो गया जिससे पहले से भी ज्यादा सड़क की हालत जर्जर हो चुकी है सड़क पर चलने वाला हर राहगीर सरकार व जनप्रतिनिधि समेत जिम्मेदार अधिकारियों को कोसता रहता है। लोगों ने जिलाधिकारी का ध्यान आकृष्ट कराते हुए खराब सड़क को अविलंब दुरुस्त कराए जाने की मांग की है।



