सादगी और सौहार्द्र के साथ मनाया गया ईदुल अज़हा का त्योहार
बारिश ने डाली खलल, चार शिफ्ट में अदा की गई बकरीद की नमाज

दुद्धी, सोनभद्र। कस्बे व आसपास के ग्रामीण अंचलों में कुर्बानी का पर्व बकरीद ईद-उल-अजहा के रूप में वृहस्पतिवार को बड़े ही अकीदत व एहतराम के साथ मनाई गई। नगर के मकतब जब्बरिया ईदगाह में सुबह सात बजे कादरिया तालीमी ग्रुप के संस्थापक मौलाना हजरत नसीरूद्दीन साहब की इमामत में मुस्लिम बंधुओं ने सुबह 7 बजे नमाज अदा की। दूसरी जमात साढ़े सात बजे सुबह ईदगाह में ही कारी उस्मान साहब ने अदा कराई। ईदगाह में जगह भर जाने के बाद अकीदतमंद लोग जामा मस्जिद की तरफ कूच कर गए। जामा मस्जिद में भी दो जमात आयोजित की गई। पहली जमात को पेशईमाम हाफिज सईद अनवर ने साढ़े सात बजे व दूसरी जमात को अंतिम ईदुल अजहा की अंतिम नमाज के रूप में हाफिज तौहीद साहब ने 8 बजे अदा कराई। साढ़े छह बजे से ही रंग बिरंगी परिधानों में एक तरफ बच्चे उछलते-कूदते जहां ईदगाह की तरफ अपने घरों से कूच कर गए वहीं कुर्बानी करने वाले रोजेदार सहित अन्य अक़ीदतमंद लोग भी पूर्व निर्धारित समय तक ईदगाह में मौजूद हो गए।
ईदुल अजहा की नमाज अदा करने के बाद लोग-बाग एक-दूसरे के गले मिल मुबारकबाद पेश की, तत्पश्चात अधिकतर लोग रेलवे स्टेशन मोड़ स्थित कब्रिस्तान पर जाकर अपने मरहूमीन के कब्रों पर फातिहा पढ़ी। इसके बाद घर पर आकर बाकायदा पर्दे में परम्परागत तरीके से बकरों की कुर्बानी मौलाना नजीरुल कादरी, पेशईमाम हाफिज सईद अनवर हाफिज तौहीद, सहित अन्य ओलमा-ए-कराम से कराई। दुद्धी के अलावा दीघुल, निमियाडीह, बघाडू, टेढ़ा, महुली आदि स्थानों पर भी परंपरागत ढंग से बकराईद की नमाज मुस्लिम वर्ग के लोगों ने अदा की और अपने घरों में जाकर कुर्बानी की। नमाज के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक त्रिभुवन नाथ त्रिपाठी, पुलिस उपाधीक्षक दद्दन प्रसाद गोंड, प्रभारी निरीक्षक सुभाष चंद राय, अधिशासी अधिकारी भारत सिंह सहित भारी संख्या में पुलिस व पीएसी के जवान मौजूद रहे।



