किसी भी देश के लिए उसका संविधान प्राण वायु है-अजय शेखर

धैर्य रख कर परिवर्तन और बदलाव की राह आसान होती है।
संविधान यात्रा के पहले चरण का हुआ समापन
म्योरपुर/सोनभद्र(विकास अग्रहरि)
म्योरपुर ब्लॉक के गोविंदपुर स्थित बनवासी सेवा आश्रम के विचित्रा महा कक्ष में बुधवार को टी
दो ब्लॉक के 30 ग्राम स्वराज्य सभा में चले संविधान यात्रा के पहले चरण के समापन पर अनुभव कार्यक्रम का आयोजन साहित्यकार और आश्रम के अध्यक्ष अजय शेखर के अध्यक्षता में आयोजित की गई ।मौके पर उन्होंने ने कहा कि किसी भी प्रजातांत्रिक देश के लिए उसका संविधान प्राण वायु है। हमे लोक तंत्र के महत्व को समझना होगा ।आज जो प्रवृति उत्पन्न हो रही है उसमें सत्ता पाना ही मूल मंत्र दिख रहा है।उसमें बदलाव की जरूरत है लोकतंत्र में सरकार व्यवस्था के रूप में काम करती है ।लेकिन व्यवस्था के बदले सत्ता का भोग जनता स्वीकार नहीं करेगी। गुणवत्ता पूर्ण शिक्षा स्वास्थ्य हमको संविधान देता है।यह भीख नहीं है।उसने सुधार की जरूरत है तो करना ही होगा। कहा कि संविधान यात्रा का उद्देश्य खुद और समाज का जागरण है। शोषण मुक्त समाज से ही देश मजबूत होगा। जाति,और धर्म की राजनीति से दूर होना होगा।भारतीय रंग मंच के अध्यक्ष प्रसन्ना ने कहा कि देश में गिने चुने संस्थाएं ही ग्राम स्वराज्य की दिशा में काम कर रही है बनवासी सेवा आश्रम के मूल मंत्र जो गांधी के सपनों को साकार करने में जुटी है।मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री को देखना और समझना चाहिए। कहा कि किसी भी काम में धैर्य की जरूरत होती है।हम धैर्य के साथ बदलाव लाएंगे। कौशल विकास प्रशिक्षण केंद्र दुद्धी के भूपेश सिंह ने कौशल विकास के जरिए रोजगार और स्वावलंबन की जानकारी दी और कहा कि प्रशिक्षण के बाद 50 हजार से 5 लाख तक का लोन ब्याज मुक्त मिल सकता है। प्रदीप पाण्डेय ने संविधान यात्रा की जानकारी देते हुए बताया कि 30 गांव में सभा और जन संपर्क के साथ 15 स्कूलों की जानकारी ली गई। जिसमें गुणवत्ता पूर्ण शिक्षा का अभाव दिखा।रोजगार के लिए पलायन की समस्या बढ़ी है।बीमारियां बड़ी है ।कहा कि संगठन के माध्यम से समस्याओं का समाधान किए जाने पर बल दिया गया। नीरा,देवनाथ सिंह,रमेश भाई,तथा स्वराज्य साथियों ने अपने अनुभव रखे।मौके पर शुभा प्रेम ने आभार व्यक्त किया। ओम प्रकाश जगतबरायण विश्वकर्मा,,रमेश, राकेश , रामजतन,मनोज,मोनिका, अभिषेक राम कुमार,,सहित दर्जनों स्वराज्य साथी शामिल रहे।
फोटो


