चिन्हित आउट आफ स्कूल बच्चों को दिया जाएगा विशेष प्रशिक्षण

सोनभद्र (विकास द्विवेदी) जिले के 7 से 14 वर्ष तक के आउट आफ स्कूल के बच्चों के भविष्य को लेकर अब अभिभावकों को चिंतित होने की जरूरत नहीं है। विशेष प्रशिक्षक के माध्यम से बेसिक शिक्षा परिषद ने चिन्हित आउट ऑफ स्कूल बच्चों को शिक्षा से जोड़ेगी। रिटायर्ड अध्यापक, वालेंटियर के माध्यम से उनके ग्राम पंचायत में ही प्रशिक्षण दिलाएगी। बेसिक शिक्षा विभाग 4000 रुपये माह मानदेय पर प्रशिक्षक चयनित करेगा। विशेष प्रशिक्षक चयन में अवकाश प्राप्त अध्यापकों को वरियता दी जाएगी। जिस स्थान पर अवकाश प्राप्त शिक्षक नहीं होंगे उन स्थानों पर बीटीसी, डीएलएट प्रशिक्षित वालेंटियर सेलेक्ट किए जाएंगे। पांच आउट ऑफ स्कूल बच्चों की संख्या पर एक विशेष प्रशिक्षक का चयन विद्यालय प्रबंध समिति के द्वारा किया जायेगा।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मुकुल आनंद पाण्डेय ने बताया कि विशेष प्रशिक्षक (सेवानिवृत्त अध्यापक अथवा वॉलंटियर) का आवेदन फार्म विद्यालय, पंचायत भवन, आंगनबाड़ी केन्द्र तथा अन्य प्रमुख स्थानों पर प्रधानाध्यापक द्वारा चस्पा किया जायेगा। विशेष प्रशिक्षक चयन के लिए आवेदन प्रधानाध्यापक, प्रभारी प्रधानाध्यापक के साथ ही बीआरसी स्तर पर जमा किया जाएगा। एक से अधिक सेवानिवृत्त अध्यापकों के आवेदन आने पर सबसे कम उम्र वाले को चयनित किया जाएगा। वालेंटियर का चयन मेरीट के आधार पर किया जाएगा। यही नहीं जिस ग्राम पंचायत के लिए वालेंटियर आवेदन करेंगे उस ग्राम पंचायत का निवासी होना अनिवार्य है। विशेष प्रशिक्षक का कार्य 31 मार्च 2026 तक रहेगा। 21 से 45 आयु के लोग वालेंटियर सेलेक्शन के योग्य होंगे। बीएसए श्री पाण्डेय ने बताया कि आउट ऑफ स्कूल के बच्चों को शिक्षा से जोड़ने के लिए विशेष प्रशिक्षकों, वालेंटियरों का चयन किया जाएगा। विशेष प्रशिक्षक इन बच्चों को प्रशिक्षित करेंगे।



