असत्य पर हुई सत्य की विजय, रावण का पुतला का किया दहन

ओबरा/सोनभद्र (नीरज भाटिया) असत्य पर सत्य की विजय, बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक दशहरा पर्व ओबरा में बडे़ ही धूमधाम से मनाया गया।नगर के राम मंदिर और सेक्टर 9 में रामलीला समिति के द्वारा हर साल रामलीला होती है। नगर में हर वर्ष की भाति इस वर्ष भी दशहरा बड़े ही धूमधाम से मनाया गया लोगों में भी काफी उत्साह देखने को मिला पूरा मैदान आकर्षक ढंग से सजाया गया था मैदान के चारों तरफ खाने पिने की अनेकोनेक दुकाने मेले की खुबसुरती को और भी बढ़ा दिया था इस साल भी लगभग 60फीट ऊंचा रावण का पुतला बनाया गया था। रामलीला ग्राउंड पर भगवान श्री राम रावण युद्ध के बाद पुतला दहन किया गया। नगर क्षेत्र में विजय दशमी पर बुराई के प्रतीक रावण का 60 फुट लंबा पुतला फूंका गया। इसके बाद काफी देर तक भगवान श्री राम लक्ष्मण का रावण से युद्ध हुआ जिसमें रावण को अंततःपराजय का सामना करना पड़ा और बाद में प्रतीकात्मक विशालकाय रावण के पुतले को आग लगा दी गयी जैसे ही रावण के पुतले में आग लगी पुतला धु धु कर जलने लगा पूरा वातावरण जय श्री राम के जयकारे से गुंजायमान हो गया वहीं घंटों चली मनमोहक आतीशबाजी देख लोग बाग फूले नहीं समा रहे थे असत्य पर हुई सत्य की जीत रावण दहन को देखने के लिए नगर सहित आसपास के इलाकों से हजारों की संख्या में लोग आए थे। थाना प्रभारी निरीक्षक अविनाश सिंह के नेतृत्व में पुलिस प्रशासन भी भारी भीड़ को संभालने के लिए मुस्तैद दिखी। वहीं कार्यक्रम के मुख्य अतिथि नगर पंचायत अध्यक्ष चांदनी देवी ने कहा कि असत्य पर सत्य की जीत हुई और सभी को सत्य के रास्ते पर चलना चाहिए जैसे मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम ने सत्य के रास्ते पर चलते हुए बिना डिगे ही राक्षस राज रावण का वध किया ऐसे ही सभी लोगों को मर्यादा के रास्ते पर चलना चाहिए। अंत में रामलीला समिति के अध्यक्ष ने आये हुए समस्त अतिथियों का आभार व्यक्त किया तथा समिति के सभी सदस्यों के साथ कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग करने वालो का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यहां पर बहुत ही खुशनुमा माहौल में रावण पुतले का दहन किया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन समीर माली ने किया। इस मौके पर जितेंद्र कुमार चौकी इंचार्ज, संतोष सिंह,गिरीश नारायण सिंह, आलोक भाटिया, आशीष तिवारी, बब्बू तिवारी, सुशील सिंह, कैलाश, शिवम द्विवेदी, कुमार सौरभ, अरविंद सोनी इत्यादि लोग उपस्थित रहे।



