संविधान मानस्तंभ स्थापना दिवस में उमड़ा जन सैलाब

सोनभद्र (विकास द्विवेदी) संविधान मानस्तंभ स्थापना दिवस के अवसर पर आरक्षण दिवस को सपा द्वारा संविधान मानस्तंभ स्थापना दिवस के रूप में मनाया गया। राबर्ट्सगंज के रामलीला मैदान में सपा द्वारा आयोजित कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मुख्य अतिथि लल्लन राय उर्फ श्री प्रकाश राय, एमएलसी आशुतोष सिन्हा रहे।
मुख्य अतिथि ने कहा कि इसी दिन महात्मा ज्योतिबा फुले द्वारा संकल्पित आरक्षण को कोल्हापुर के परम आदरणीय श्रीमंत महाराज राजश्री छत्रपति शाहू महाराज ने अपने कोल्हापुर राज्य में लागू किया था। इसी दिन आरक्षण देने का शुभारंभ हुआ था। सामाजिक न्याय की भावना को आरक्षण के रूप में इसी दिन अमल में लाया गया था, जो आगे चलकर बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर के सप्रयासों से हमारे संविधान में एक जन अधिकार के रूप में सामाजिक न्याय को सुनिश्चित करने का मूल आधार बना और देश के लोकतंत्र की स्थापना का मूल सिद्धांत भी।
इसी परिप्रेक्ष्य में संविधान-मानस्तंभ स्थापना दिवस का आयोजन किया जा रहा है । इसके लिए हर वर्ष 26 जुलाई से अधिक ऐतिहासिक अवसर और क्या हो सकता है क्योंकि विचार को सही में लागू करना ही तो सबसे बड़ा प्रभावशाली उदाहरण होता है।
इसके पीछे यही मूल भावना है कि संविधान-मानस्तंभ वास्तुत पीडीए प्रकाशस्तंभ के रूप में सामाजिक न्याय के राज की स्थापना के संकल्प का मार्ग सदैव प्रकाशित और प्रशस्त करता रहे। जब संविधान बचेगा तभी आरक्षण बचेगा । संविधान की ढाल है, संविधान की कवच है। विधान परिषद सदस्य आशुतोष सिंहा ने कहा कि हम सभी समाजवादियों का यह कर्तव्य है कि गांव गांव जाकर सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देशन को पहुंचने का काम करें। इस मौके पर समाजवादी अनुसूचित जनजाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष व्यास जी गौड, जिलाध्यक्ष राम निहोर यादव ने आरक्षण दिवस के अवसर पर जनपद सोनभद्र के कोने-कोने से आए हुए सभी नेताओं कार्यकर्ताओं एवं आम जनता का हम आभार प्रकट किया।
पूर्व विधायक अविनाश कुशवाहा, रमेश चंद दुबे, परमेश्वर दयाल, सुनील सिंह यादव ने कहा कि हम सभी कार्यकर्ताओं की अहम जिम्मेदारी है कि सपा की नीतियों को जन-जन तक पहुंचने का काम करें। इस मौके पर जय प्रकाश उर्फ चेखुर पाण्डेय, यशवंत सिंह, मुनीर अहमद, राम भरोसे सिंह, मो. सईद कुरैशी, रवि कुमार गौड़, संजय यादव, विजय यादव, सुनील गौड़, मंदाकिनी पांडे, राधा सिंह, बाबूलाल यादव, विजय शंकर जायसवाल, परमेश्वर यादव आदि रहे।




