जंगली जानवरों से बचने की जागरूकता हीं बचाव है-सरिता गौतम
गांव में तेंदुए व लकड़बग्घा होने का किया जा रहा दावा

दुद्धी।(मदन मोहन तिवारी) रविवार को चार बकरियों के मौत के बाद वन विभाग ग्रामीणों को जागरूक करने में जुट गई है। तुर्रीडीह व रंनु गांव में बीते सप्ताह में कई बकरियों पर अलग-अलग हिस्सों में जंगली जानवरों के हमले से मौत हो चुकी है। इसकी खुलासा रविवार को जंगली जानवर से बकरियों के मौत के बाद होने लगा। ग्राम प्रधान विदवंत घसिया ने बताया कि दो दिन पहले भी जंगली जानवरों ने हमला कर तीन बकरियों को नोंचकर मार डाला है। इस तरह के हमले से गांव के लोगों में भय का माहौल हो गया है। जबकि समूचे गांव में तेंदुआ, लकड़बग्घा व कैट की होने की पुष्टि की जा रही है। इस परिस्थितियों में लोगों को घर से बाहर न निकलने पर जागरूक किया जा रहा है। चुकी इस क्षेत्र में ज्यादातर वन भूमि ही है।
सरिता गौतम ने ग्रामीणों को जागरूक करते हुए कहा कि रात में घर से बाहर न निकले। घर के अंदर सोए। ज़ब भी घर से बाहर निकले समूह में निकले और टॉर्च आदि हाथ में लेकर निकले। मवेशीयों को घर के अंदर बांधे। कुछ दिन मवेशीयो को जंगल में चराने न लें जाए न जाने दें। किसी जंगली जानवर को जान से न मारे। शोर मचाने और आग से जानवर दूर भागता है। छोटे बच्चों, महिलाओ को जंगल में या इसके किनारे न जाने दें। जंगली जानवर कि आशंका होने पर तत्काल वन विभाग को सूचित करें। जागरूकता हीं बचाव है।



